Fighting Our Killer Air - A Citizens' Charter
  • Home/
  • मुबंई में बढ़ते एयर पॉल्यूशन पर सैयामी खेर का छलका दर्द, बोलीं- अब समंदर किनारे का सुकून नहीं, मास्क सहारा है

मुबंई में बढ़ते एयर पॉल्यूशन पर सैयामी खेर का छलका दर्द, बोलीं- अब समंदर किनारे का सुकून नहीं, मास्क सहारा है

मुबंई में बढ़ते एयर पॉल्यूशन पर सैयामी खेर का छलका दर्द, बोलीं- अब समंदर किनारे का सुकून नहीं, मास्क सहारा है
मुबंई में बढ़ते एयर पॉल्यूशन पर सैयामी खेर का छलका दर्द
नई दिल्ली : 

बॉलीवुड एक्ट्रेस सैयामी खेर जल्द ही अक्षय कुमार और सैफ अली खान की फिल्म 'हैवान' में नजर आएंगी. मंगलवार को उन्होंने इंस्टाग्राम के जरिए हवा और प्रदूषण को लेकर अपने दिल की बात कही. उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक सेल्फी पोस्ट की. इस तस्वीर में वह मास्क लगाए हुए हैं. उन्होंने लिखा, "मैंने दौड़ना एक दशक पहले शुरू किया था. हर सुबह, मैं मुंबई के कार्टर रोड पर समंदर की ठंडी हवा में दौड़ती रही हूं. इसी हवा ने मुझे इस शहर से और दौड़ने से प्यार करवा दिया. मैं उस पुरानी खुशी को फिर से महसूस करना चाहती हूं, लेकिन अब हालात बदल गए हैं क्योंकि दौड़ने से पहले मुझे मास्क लगाना पड़ता है."

सैयामी खेर ने बताया कि मास्क लगाकर उन्हें महामारी के समय की याद आ जाती है.  फर्क सिर्फ इतना है कि अब हवा में कोई वायरस नहीं, लेकिन यही हवा हमें नुकसान पहुंचाती है. उन्होंने लिखा, "मैंने कभी सोचा भी नहीं था कि सांस लेने वाली हवा एक दिन ऐसी महंगी और दुर्लभ चीज बन जाएगी. अब मैं अपने घर के दरवाजे-खिड़कियां बंद रखती हूं. एयर प्यूरीफायर चलाना पड़ता है. दौड़ अब समंदर की तरफ देखकर नहीं, बल्कि घर की दीवारों को देखकर होती है. फिर भी मन को सुकून नहीं मिलता."

सैयामी के लिए दौड़ना सिर्फ एक एक्सरसाइज नहीं है, बल्कि उनकी जिंदगी का बहुत बड़ा हिस्सा है. उन्होंने लिखा, "दौड़ना मेरे मन को शांत रखता है और अच्छा महसूस करवाता है. यह मेरे मन को साफ करती है और मेरे भीतर उस चीज को ठीक करता है जिसे और कुछ भी नहीं छू पाता." 

उन्होंने अपनी बात को खत्म करते हुए लिखा, "यह अब सिर्फ मौसम का मसला नहीं रहा. इसे राजनीति भी नहीं बनाना चाहिए, लेकिन डेटा दिखा रहा है कि हवा खराब है, लेकिन कुछ लोग इसे नकारते हैं. ऐसे में मेरे जैसे कई लोग मास्क लगाकर पुरानी सुबह की दौड़ को याद करते हैं और उस शहर के लिए दुखी होते हैं, जिससे उन्हें बहुत प्यार था. मैं पूछती हूं कि क्या हवा को साफ रखने की इतनी छोटी जिम्मेदारी मांगना भी बहुत है?"

Share this story on

Latest Stories

................................ Advertisement ................................

Latest Videos

Opinion