अयोध्या राम मंदिर ट्रस्ट को अपने पहले सीईओ की तलाश है. सीईओ कैसा होना चाहिए, इसे लेकर सर्च कमेटी के एक सदस्य ने कुछ शर्तें बताई हैं. ऐसे शख्स को ही मंदिर की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी.
अयोध्या पहुंचे अनुपम खेर ने राम मंदिर दान चोरी विवाद पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कुछ लोगों की गलती से मंदिर की गरिमा और आस्था पर कोई असर नहीं पड़ता.
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस मामले में पुलिस की जांच आगे बढ़ रही है. पिछले बयानों से कुछ अहम सुराग मिलने के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को पूछताछ के लिए रिमांड पर लिया है.
यूपी के प्रतापगढ़ में योगी ने कांग्रेस और सपा पर करारा पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर दान चोरी मामले को बढ़ा चढ़ाकर पेश किया गया. इन लोगाें के पास हिंदुओं की आस्था पर सवाल उठाने का कोई अधिकार नहीं है.
गोविंद देव गिरी ने कहा कि कुछ अधिकारियों की नियुक्ति के लिए एक समिति का गठन किया गया है. साथ ही उन्होंने जानकारी दी कि ट्रस्ट की अगली बैठक 22 जुलाई को आयोजित होगी. तब तक विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट भी आने की उम्मीद है.
चढ़ावा चोरी विवाद के बाद नैतिक कारणों से राम मंदिर ट्रस्ट से इस्तीफा देने वाले डॉ. अनिल मिश्रा 15 मुख्य ट्रस्टियों में से एक हैं. मूल रूप से अंबेडकर नगर के रहने वाले डॉ. मिश्रा अयोध्या के प्रसिद्ध होम्योपैथ डॉक्टर और पुराने RSS कार्यकर्ता हैं.
राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद के बीच आज शाम तीन बजे से मंदिर परिषद में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अहम बैठक होने जा रही है. इस बैठक में सभी सदस्य शामिल होंगे. बैठक के चंपत राय, अनिल मिश्रा के इस्तीफे के साथ-साथ कई अहम मुद्दों पर फैसला लिया जा सकता है.
अयोध्या राम मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है. पिछले दो वर्षों से अधिक समय से तैनात एसपी सुरक्षा बलरामचारी दूबे को पद से हटा दिया. उनकी जगह विजय शंकर मिश्रा को नई जिम्मेदारी सौंपी है. मिश्रा ने अयोध्या पहुंचकर कार्यभार संभाल लिया है.
अयोध्या के राम मंदिर में हुए चढ़ावा चोरी मामले में पहली बार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की तरफ से बड़े स्तर पर आधिकारिक प्रतिक्रिया आई है. संघ के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने इस घटना को घोर निंदनीय बताते हुए कहा कि इससे समूचे हिंदू समाज और राम भक्तों की आस्था को गहरा आघात लगा है.
अयोध्या राम मंदिर में रामधन गबन मामले पर बड़ा खुलासा हुआ है. पुलिस ने 45 दिनों की CCTV फुटेज खंगालने के बाद दावा किया है कि कर्मचारी नोटों की गिनती के दौरान उन्हें अपने कपड़ों और मोज़ों में छिपाकर चोरी कर रहे थे. छापेमारी में अब तक 80 लाख रुपये बरामद किए जा चुके हैं.इस बड़े विवाद के बीच मंदिर प्रशासन ने परिसर के सभी 18 मंदिरों के पुजारियों का रोस्टर बदल दिया है.


