
अमेरिका के राष्ट्रपति चुनावों (US Presidential Elections) में जॉर्जिया प्रांत में दोबारा हुई मतगणना में डेमोक्रेट्स उम्मीदवार जो बाइडेन (Joe Biden) की जीत पर फिर से मुहर लगी है. गुरुवार को अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रपति चुनावों के लिए दोबारा मैनुअली हुए मतगणना में भी जो बाइडेन की जीत हुई है.
जॉर्जिया के स्टेट सेक्रेटरी ब्रैड राफेंसपरगर की वेबसाइट पर एक बयान में कहा गया है, "ऑडिट ने पुष्टि की है कि मशीन से हुई मूल मतगणना ने चुनाव के विजेता को सटीक रूप से चित्रित किया था."
ट्रंप ने एक बार फिर बाइडन से हार स्वीकार करने से किया इनकार, जीत का किया दावा
मौजूदा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मतगणना में फर्जीवाड़े का आरोप लगाया था. इसके बाद दोबारा मतों की गिनती के आदेश दिए गए थे. देश के दक्षिणी राज्य में चुनाव परिणामों की इस पुष्टि ने जो बाइडेन के नाम एक नया रिकॉर्ड बनाया है. बाइडेन तीन दशक बाद पहले ऐसे डेमोक्रेट्स उम्मीदवार बने हैं जिन्होंने यहां जीत दर्ज की है.
अमेरिकी चुनाव के नतीजे आने के लगभग एक हफ्ते बाद चीन ने दी जो बाइडेन को बधाई
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को एक बार फिर दावा किया कि उन्होंने तीन नवंबर को हुए चुनाव में जीत दर्ज की है. ट्रंप ने इसके साथ ही पूरे अमेरिका में चुनाव में धांधली के आरोपों को भी दोहराया. ट्रंप ने बड़े अक्षरों में ट्वीट किया, ‘‘मैंने चुनाव में जीत दर्ज की. पूरे देश में चुनाव में धोखाधड़ी हुई.'' इसके साथ ही उन्होंने ‘न्यूयॉर्क टाइम्स' का एक ट्वीट अमेरिका के मानचित्र के साथ टैग किया जिसमें कहा गया है कि उन्हें पिछले चुनाव के मुकाबले 1.01 करोड़ अधिक मत मिले हैं जिनमें हिस्पैनिक बहुल इलाके भी शामिल हैं.
चीन की दखल से चुनाव जीते थे बाइडेन- ट्रंप के इस आरोप की हवा उनकी अपनी सरकार निकाल चुकी
Edited by: आशुतोष कुमार सिंहचीन ने की चोरी! अमेरिकी चुनाव के 22 करोड़ वोटर्स का डेटा उड़ाया- ट्रंप का बड़ा दावा
Edited by: आशुतोष कुमार सिंहअमेरिका में चुनाव से पहले डर गए ट्रंप? इलेक्शन असिस्टेंस कमीशन के सभी 4 मेंबर को हटाया
Edited by: आशुतोष कुमार सिंहFact Check: डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर 2020 के राष्ट्रपति चुनाव में धांधली के आरोप लगाए हैं. उनका आरोप है कि चीन ने 22 करोड़ अमेरिकी वोटरों की फाइलें गैर-कानूनी तरीके से हासिल कर ली थीं. लेकिन यह आरोप कितने सही हैं?
Donald Trump Primetime Speech on US Election Data: डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि अमेरिकी चुनाव प्रणाली 'इतनी खराब और कमजोर है कि इसे कोई नहीं बचा सकता.'
अमेरिका में सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद राष्ट्रपति के तौर पर डोनाल्ड ट्रंप की ताकत और बढ़ गई है. इसी का इस्तेमाल करते हुए उन्होंने इलेक्शन असिस्टेंस कमीशन के सभी 4 मेंबर को हटा दिया है.
डोनाल्ड ट्रंप के समर्थन वाले अबेलार्दो दे ला एस्प्रिएला की जीत के साथ कोलंबिया में दक्षिणपंथी राजनीति की फिर से सत्ता में वापसी हो गई है. इससे पहले 200 साल में केवल 4 साल ही दक्षिणपंथी सरकार रही है.
दो विश्व युद्ध और उसके बाद की दुनिया के युद्ध नतीजों और चुनाव नतीजों का हाल देख ट्रंप-नेतन्याहू को संभल जाना चाहिए.
हालिया रॉयटर्स/इप्सोस पोल के अनुसार, ट्रंप की रेटिंग इस कार्यकाल के सबसे निचले स्तर 36% पर पहुंच गई है, जिससे पार्टी को हाउस और सीनेट में बहुमत खोने का डर है.
LIVE: बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर राहुल गांधी आज कोलकाता और श्रीरामपुर में रैली कर सकते हैं. दिल्ली समेत पूरे उत्तर भारत में तपती धूप और गर्मी से बुरा हाल है. पारा 40 डिग्री के पार पहुंच गया है. देश-दुनिया का हर अपडेट यहां देखें.
Iran War: अमेरिका में मध्यावधि चुनाव नजदीक आ रहे हैं. ऐसे में ट्रंप पर युद्ध खत्म करने का घरेलू राजनीतिक दबाव बढ़ रहा है. इस युद्ध की वजह से पेट्रोल के दाम आसमान छू रहे हैं. जिसकी वजह से उनको आलोचना झेलनी पड़ रही है. शायद यही वजह है कि ट्रंप के मन में युद्ध खत्म करने का विचार आने लगा है.
हंगरी में विपक्षी नेता पीटर मैग्यार (Peter Magyar) और उनकी तिसा पार्टी ने चुनाव में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए संसद की 199 सीटों में से 138 सीटों पर कब्जा कर लिया है.
हंगरी के संसदीय चुनाव में पीटर मैग्यार की तिज्सा पार्टी ने शानदार जीत दर्ज कर ओर्बन के 16 साल के शासन का अंत किया. विक्टर ओर्बन की हार का मुख्य कारण बढ़ती महंगाई और आर्थिक सुस्ती मानी जा रही है, जिससे जनता में निराशा थी.

